Haridwar Panchayat Election 2022 का कार्यक्रम तय, 26 सितंबर को होगा मतदान - Seva Bharat Times

Haridwar Panchayat Election 2022 का कार्यक्रम तय, 26 सितंबर को होगा मतदान

हरिद्वार जिले में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर सरगर्मी तेज हो गई है। मुख्यमंत्री से अनुमोदन मिलने के बाद शासन ने कार्यक्रम जारी कर दिया है।हरिद्वार में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव का कार्यक्रम तय कर दिया गया है। चुनाव के लिए मतदान 26 सितंबर को होगा। चुनाव की प्रक्रिया छह सितंबर को नामांकन दाखिल करने के साथ शुरू होगी।मतगणना 28 सितंंबर होगी।

यह होगा चुनाव कार्यक्रम

  • छह से आठ सितंबर तक नामांकन दाखिल
  • नामांकन की जांच नौ से 11 सितंबर तक
  • नाम वापसी 12 सितंबर
  • चुनाव चिन्‍ह आवंटन 13 सितंंबर
  • मतगणना 28 सितंंबर

अब राज्य निर्वाचन आयोग जारी करेगा अधिसूचना

मुख्यमंत्री पुष्‍कर सिंह धामी से अनुमोदन मिलने के बाद शासन ने बुधवार को इसकी अधिसूचना जारी कर दी। अब राज्य निर्वाचन आयोग अधिसूचना जारी करेगा। पंचायतों में आरक्षण का निर्धारण होने और राज्य निर्वाचन आयोग से प्रस्तावित कार्यक्रम मिलने के बाद शासन ने भी इसे अंतिम रूप दे दिया है। मुख्यमंत्री से अनुमोदन मिलने के बाद 31 अगस्त को चुनाव कार्यक्रम की अधिसूचना जारी हो गई है।

छह माह के लिए प्रशासक नियुक्त किए गए

हरिद्वार में पिछली त्रिस्तरीय पंचायतों (ग्राम, क्षेत्र व जिला) का कार्यकाल गत वर्ष मार्च से लेकर जून तक समाप्त हो गया था। इसके बाद पंचायती राज अधिनियम के प्रविधान के अंतर्गत पंचायतों में छह माह के लिए प्रशासक नियुक्त किए गए, लेकिन चुनाव नहीं हो पाए।इस पर प्रशासकों का कार्यकाल फिर से छह माह आगे बढ़ाया गया, लेकिन इस अवधि में भी चुनाव नहीं हो पाए। बाद में मामला उच्च न्यायालय में गया। अदालत ने सितंबर तक चुनाव कराने के आदेश दिए। इसके बाद तेजी से कसरत की गई। हाल में ही पंचायतों के लिए आरक्षण का निर्धारण भी कर दिया गया।जिले में जिला पंचायत अध्यक्ष का पद अनारक्षित है। क्षेत्र पंचायत प्रमुख के कुल छह पदों में दो अनारक्षित और एक-एक महिला, पिछड़ी जाति महिला, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जाति महिला के लिए आरक्षित किए गए हैं।ग्राम प्रधानों के कुल 318 पदों में से 171 पिछड़ा वर्ग, 87 अनुसूचित जाति, एक अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित किए गए हैं।आरक्षण की प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद शासन ने इसकी सूचना राज्य निर्वाचन आयोग को भेजी। इसके बाद आयोग ने चुनाव का प्रस्तावित कार्यक्रम शासन को भेजा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *