400 से अधिक लोगों ने लिया हिस्सा, 200 से ज्यादा लोगों की हुई निःशुल्क स्वास्थ्य जांच; 20 दिव्यांगजनों को बांटे गए सहायक उपकरण
देहरादून। उत्तराखंड सरकार के जिला समाज कल्याण विभाग, देहरादून की ओर से ए.के.एस. होप संवेदना के सहयोग से सोमवार को शिमला बाईपास रोड स्थित शेरपुर में दिव्यांगजनों के लिए विशेष चिकित्सा शिविर आयोजित किया गया। शिविर में विकासनगर और सहसपुर ब्लॉक के 400 से अधिक लोगों ने प्रतिभाग किया। शिविर का उद्देश्य दिव्यांगजनों और उनके परिवारों तक स्वास्थ्य सेवाएं, दिव्यांगता प्रमाण पत्र, सहायक उपकरण तथा सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना रहा।
85 दिव्यांगजनों का पंजीकरण, 70 को मिले प्रमाण पत्र
शिविर के दौरान लगभग 85 दिव्यांगजनों का पंजीकरण किया गया, जिनमें से 70 को दिव्यांगता प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। इसके अलावा 200 से अधिक लोगों को निःशुल्क स्वास्थ्य जांच और दवाइयों की सुविधा मिली। वहीं, 20 दिव्यांगजनों को उनकी जरूरतों के अनुसार निःशुल्क सहायक उपकरण वितरित किए गए। इन उपकरणों का उद्देश्य दिव्यांगजनों की गतिशीलता, आत्मनिर्भरता और दैनिक गतिविधियों को आसान बनाना है।
कई विभागों ने मिलकर पहुंचाईं सुविधाएं
शिविर में जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र (DDRC), राष्ट्रीय दृष्टि दिव्यांगजन सशक्तिकरण संस्थान (NIVH), जिला समाज कल्याण कार्यालय, बाल विकास, PMDIC, SVEEP तथा महिला एवं बाल विकास विभाग सहित विभिन्न विभागों और संस्थानों ने सहभागिता की।
जिला अस्पताल और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों से पहुंचे चिकित्सकों तथा पैरामेडिकल स्टाफ ने लोगों की स्वास्थ्य जांच की। साथ ही, निःशुल्क चिकित्सा परामर्श और दवाइयां उपलब्ध कराई गईं। विभिन्न विभागों के समन्वय से दिव्यांगजनों को एक ही स्थान पर कई जरूरी सेवाएं प्राप्त करने का अवसर मिला।
अधिकारियों की मौजूदगी में हुआ शिविर का आयोजन
शिविर में जिला समाज कल्याण अधिकारी श्री दीपांकर ग्यंदियाल, वरिष्ठ मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रदीप राणा, डॉ. श्रमि सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और प्रतिनिधि उपस्थित रहे। अधिकारियों की सहभागिता ने दिव्यांगजनों के लिए स्वास्थ्य सेवाओं और सामाजिक कल्याण सुविधाओं की पहुंच बेहतर बनाने में विभागीय समन्वय की भूमिका को रेखांकित किया।
ग्राम प्रधानों और जनप्रतिनिधियों ने निभाई अहम भूमिका
शिविर को सफल बनाने में स्थानीय ग्राम प्रधानों और सामुदायिक प्रतिनिधियों ने सक्रिय सहयोग किया। उन्होंने अपने-अपने क्षेत्रों के दिव्यांगजनों और उनके परिजनों को शिविर की जानकारी दी तथा पंजीकरण कराने और उपलब्ध सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए जागरूक किया।
शिविर में कुल्हाल से दानिश, कुंजा से नेहा तोमर, कुंजा ग्रांट से मुशाबेर अली, जुडलीधुवाला से मनजेटा, शापुर से बिनिता तोमर, धर्मावाला से इस्फाक, बदरिपुर से बबीता, माजरी से सबीना परवीन, जट्टोवाला से नफीशा, टीपरपुर से शिखा, सभावाला से सीमा, टिमली से आजम, हसनपुर कल्याणपुर से कर्नेल सिंह, शेरपुर से भीम सिंह, सिसम्बरा से गफर अली, सिंहनीवाला से वार्ड सदस्य अनिल कुकरेती तथा प्रतीतपुर से नीरज देवी ने प्रतिभाग किया।
जनप्रतिनिधियों के सहयोग से विभिन्न गांवों के दिव्यांगजनों को शिविर तक पहुंचाने और उन्हें उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं एवं सरकारी योजनाओं की जानकारी देने में मदद मिली।
पूजा पाल और अनुज कुमार शर्मा ने संभाली जिम्मेदारी
शिविर के सफल आयोजन के लिए जिला समाज कल्याण कार्यालय, विकासनगर की श्रीमती पूजा पाल तथा ए.के.एस. होप संवेदना के श्री अनुज कुमार शर्मा ने नोडल अधिकारियों के रूप में जिम्मेदारी निभाई।
इस शिविर के माध्यम से दिव्यांगजनों को स्वास्थ्य जांच, प्रमाण पत्र, सहायक उपकरण और सरकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराकर उन्हें आवश्यक सेवाओं से जोड़ने का प्रयास किया गया। ऐसे आयोजन दिव्यांगजनों के सामाजिक सशक्तीकरण, आत्मनिर्भरता और सुविधाओं तक पहुंच बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।