2027 की बोर्ड परीक्षाओं से लागू होगी नई व्यवस्था, उत्तर पुस्तिकाओं की सुरक्षा के लिए 24 घंटे CCTV निगरानी का भी इंतजाम
मेरठ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में नकलविहीन और पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में लगातार कदम उठाए जा रहे हैं। यूपी बोर्ड की वर्ष 2027 की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाओं में विद्यार्थियों को इस बार बदले हुए स्वरूप की उत्तर पुस्तिकाएं मिलेंगी।
उत्तर पुस्तिकाओं की पहचान, सुरक्षा और निगरानी को अधिक प्रभावी बनाने के लिए उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद ने नई व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया है। अब अलग-अलग कवर वाली कॉपियों के स्थान पर एक समान मुख्य कवर वाली उत्तर पुस्तिकाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। खास बात यह है कि मुख्य कवर पर QR कोड भी अंकित होगा, जिसे स्कैन करने पर उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद का लोगो दिखाई देगा।
नई व्यवस्था के तहत उत्तर पुस्तिकाओं के कवर पर QR कोड के साथ तकनीकी पहचान सुनिश्चित की जाएगी। इससे कॉपियों की पहचान और उनके प्रबंधन की प्रक्रिया को व्यवस्थित बनाने में मदद मिलेगी। मेरठ जिले में इस बार करीब 1.21 लाख विद्यार्थियों के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा में शामिल होने की संभावना है।
हाईस्कूल और इंटर की कॉपियों के रंग होंगे अलग
यूपी बोर्ड ने दोनों कक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं के रंग भी निर्धारित कर दिए हैं। हाईस्कूल की ए कॉपी गहरे नारंगी और बी कॉपी गहरे नीले रंग की होगी। वहीं, इंटरमीडिएट की ए कॉपी बैंगनी और बी कॉपी हरे रंग की निर्धारित की गई है।
दोनों कक्षाओं की कॉपियों पर मुख्य कवर एक समान रहेगा और उस पर QR कोड अंकित होगा। अलग-अलग रंगों के माध्यम से उत्तर पुस्तिकाओं की पहचान, छंटाई और वितरण में आसानी होगी। इससे परीक्षा केंद्रों पर कॉपियों के प्रबंधन को भी व्यवस्थित किया जा सकेगा।
24 घंटे CCTV कैमरों की निगरानी में रहेंगी कॉपियां
उत्तर पुस्तिकाओं की सुरक्षा को लेकर भी बोर्ड ने विशेष दिशा-निर्देश निर्धारित किए हैं। कॉपियों को सुरक्षित कक्ष में रखा जाएगा, जहां 24 घंटे CCTV कैमरों से निगरानी की जाएगी। इसके अलावा उत्तर पुस्तिकाओं के बंडलों के सीरियल नंबर का पूरा विवरण रजिस्टर में दर्ज किया जाएगा।
इस व्यवस्था से कॉपियों के भंडारण से लेकर परीक्षा केंद्रों तक उनके वितरण की प्रक्रिया पर नजर रखी जा सकेगी। बोर्ड का उद्देश्य उत्तर पुस्तिकाओं की सुरक्षा के साथ परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना है।
5 से 24 फरवरी 2027 तक प्रस्तावित हैं बोर्ड परीक्षाएं
यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाएं 5 फरवरी से 24 फरवरी 2027 तक प्रस्तावित हैं। पिछले वर्ष मेरठ जिले में 154 परीक्षा केंद्रों पर करीब 1.21 लाख विद्यार्थियों ने परीक्षा दी थी। इनमें लगभग 60 हजार हाईस्कूल और 61 हजार इंटरमीडिएट के परीक्षार्थी शामिल थे।
इस वर्ष भी परीक्षार्थियों की संख्या लगभग इसी स्तर पर रहने की संभावना है। इसी को देखते हुए परीक्षा केंद्रों के निर्धारण, उत्तर पुस्तिकाओं की उपलब्धता और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर तैयारियां की जा रही हैं।
बोर्ड के निर्देशों के अनुसार होगी व्यवस्था
जिला विद्यालय निरीक्षक जगदीश प्रकाश शुक्ल के अनुसार, उत्तर पुस्तिकाओं का प्रारूप और उनका निर्धारण बोर्ड स्तर से किया जाता है। बोर्ड के नए दिशा-निर्देश प्राप्त होने के बाद जिले में उसी के अनुरूप सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित कराई जाएंगी। परीक्षा से संबंधित तैयारियां निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार पूरी कराई जाएंगी।
नई व्यवस्था के जरिए यूपी बोर्ड परीक्षा में उत्तर पुस्तिकाओं की पहचान, सुरक्षित भंडारण और वितरण की प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित बनाने की तैयारी में है।